मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कुशल मार्गदर्शन में हरियाणा सरकार निरंतर किसानों को आर्थिक तौर पर सशक्त बनाने के लिए काम कर रही है. आज भाजपा किसान मोर्चा को नए जोश और उत्साह के साथ सरकार और संगठन के बीच ऐसा मजबूत सेतु बनना है, जो किसानों की समस्याओं को समझकर उन्हें योजनाओं का लाभ दिलाने में सक्रिय भूमिका निभाए. उन्होंने कहा कि शपथ के शब्द कुछ क्षणों में बोले जाते हैं, लेकिन उन्हें निभाने की परीक्षा हर दिन होती है. नई जिम्मेदारी के साथ कार्यकर्ताओं की अपेक्षाएं और किसानों तक पहुंचने का दायित्व भी बढ़ जाता है.
हल देकर स्वागत : सोमवार को मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी और भाजपा प्रदेशाध्यक्ष डाॅ. अर्चना गुप्ता ने भाजपा प्रदेश कार्यालय पंचकमल में भाजपा किसान मोर्चा के नवनियुक्त प्रदेशाध्यक्ष महेश चौहान को पदभार ग्रहण करवाया. किसान मोर्चा पदाधिकारियों द्वारा हल देकर मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी एवं भाजपा प्रदेशाध्यक्ष डाॅ. अर्चना गुप्ता का स्वागत किया.
बीज से बाजार तक खड़ी है सरकार : मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने किसान मोर्चा प्रदेशाध्यक्ष महेश चौहान को बधाई देते हुए कहा कि कार्यकर्ताओं को सरकार की योजनाओं की पूरी जानकारी होनी चाहिए, ताकि वे किसानों को आवेदन, आवश्यक दस्तावेज और संबंधित विभाग की जानकारी देकर उनकी मदद कर सकें. उन्होंने कहा कि डबल इंजन सरकार किसानों के साथ बीज से बाजार तक खड़ी है और आय बढ़ाने, सिंचाई, प्राकृतिक खेती, फसल विविधीकरण तथा कृषि को तकनीक से जोड़ने के लिए लगातार काम कर रही है.
एमएसपी पर हो रही फसलों की खरीदी : मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि प्रदेश में किसानों की 24 फसलों की एमएसपी पर खरीद की जा रही है. प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि के तहत हरियाणा के किसानों को 23 किस्तों में 7,881 करोड़ 60 लाख रुपये दिए जा चुके हैं. फसल खरीद के 1.85 लाख करोड़ रुपये 12 लाख किसानों के खातों में पहुंचाए गए हैं. उन्होंने प्राकृतिक खेती, पीएम कुसुम, फसल अवशेष प्रबंधन और भावांतर भरपाई सहित किसानों के लिए संचालित योजनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि सरकार का प्रयास है कि किसान आत्मनिर्भर और समृद्ध बने.
खेती को बढ़ावा देना होगा : भाजपा प्रदेशाध्यक्ष डॉ. अर्चना गुप्ता ने किसान मोर्चा प्रदेशाध्यक्ष महेश चौहान को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि हरियाणा अन्नदाताओं, जवानों और खिलाड़ियों की धरती है. किसान मोर्चा को प्रदेश के प्रत्येक किसान तक पहुंचना होगा. उन्होंने कहा कि आज एक बड़ी चुनौती यह है कि किसान का बेटा किसान नहीं बनना चाहता और युवा विदेश जाने के लिए गलत रास्ते तक अपना रहे हैं. किसान मोर्चा को गांव-गांव जाकर युवाओं को समझाना होगा कि आधुनिक तकनीक, वैज्ञानिक खेती और नए प्रयोगों के माध्यम से खेती को लाभकारी बनाया जा सकता है.
प्राकृतिक खेती समय की जरूरत : डॉ. गुप्ता ने प्राकृतिक खेती को समय की आवश्यकता बताते हुए कहा कि सॉयल हेल्थ कार्ड, नैनो यूरिया, ड्रोन और आधुनिक कृषि तकनीकों के माध्यम से रासायनिक खाद के संतुलित उपयोग को बढ़ावा देना होगा. उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी खुद किसान के बेटे हैं, वो किसान की चुनौतियों से भली-भांति वाकिफ हैं. आज सरकार प्राकृतिक खेती के लिए प्रशिक्षण और आर्थिक सहायता दे रही है, लेकिन इन योजनाओं की जानकारी अंतिम किसान तक पहुंचाने की जिम्मेदारी संगठन की है.
