गांव नलवी के खेतों में खोदाई के दौरान करीब 12 फुट की गहराई में एक पुराना ढांचा मिला है। खोदाई में नीचे चूने की चिनाई में ढांचा मिलने पर ग्रामीणों ने इसे गोगामेड़ी बताया है। इसमें करीब एक फुट चौड़ी और 3 फुट लंबी संरचना दिखाई दे रही है।
ग्रामीणों ने इसे गोगाजी का चमत्कार मानकर गोगामेड़ी का निर्माण भी शुरू कर दिया। इसके लिए ग्रामीण राजस्थान के बागड़ से गोगाजी धाम से दो ईंट निशान के रूप में लेकर आए और इनके साथ निर्माण कार्य शुरू कर दिया। यह पुराना ढांचा एयरफोर्स से सेवानिवृत तारा सिंह के खेतों में मिला है।
ग्रामीण तारा सिंह का परिवार करीब 30 साल से इस जमीन पर खेती कर रहा है। उनके खेत निचाई में हैं और हर वर्ष बाढ़ उनकी फसल को प्रभावित करती है। खोदाई में मिले ढांचे की चारों दीवारों पर खांचे बने हुए हैं। यह छोटी ईंटों से बना है।
