प्रदूषण पर अंकुश लगाने के लिए प्रशासन ने बिना वैध प्रदूषण नियंत्रण प्रमाणपत्र (पीयूसीसी) वाले वाहनों को पेट्रोल-डीजल नहीं देने के निर्देश दिए हैं।
इन निर्देशों की पालना सुनिश्चित करने के लिए सोमवार को परिवहन विभाग की टीमों ने विभिन्न पेट्रोल पंपों का निरीक्षण किया। इस दौरान बिना वैध प्रदूषण नियंत्रण प्रमाणपत्र के वाहन चलाने वालों के कुल 25 चालान किए गए।
सरकारी आदेशों का सख्ती से करें पालन
खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, निरीक्षण के दौरान पेट्रोल पंप संचालकों को स्पष्ट निर्देश दिए गए कि वे सरकारी आदेशों का सख्ती से पालन करें।
जिन वाहनों के पास प्रदूषण नियंत्रण प्रमाणपत्र नहीं है या जिनका प्रमाणपत्र समाप्त हो चुका है, उन्हें किसी भी स्थिति में ईंधन न दिया जाए।
प्रदूषण पर नियंत्रण जरूरी
प्रशासन का उद्देश्य नियमों का पालन सुनिश्चित करने के साथ ही वाहनों से होने वाले प्रदूषण पर नियंत्रण करना है।
अभियान के तहत भारत पेट्रोलियम के राजीव चौक स्थित वायुसेना स्टेशन के सामने वाले पेट्रोल पंप, सेक्टर-31 स्थित भारत पेट्रोलियम पंप, सिग्नेचर टावर के पास स्थित इंडियन आयल पंप और सेक्टर-32 स्थित हिंदुस्तान पेट्रोलियम पंप का निरीक्षण किया गया।
यह कार्रवाई जिला खाद्य एवं आपूर्ति नियंत्रक केके गोयल और सचिव, क्षेत्रीय परिवहन प्राधिकरण संजीव सिंगला के निर्देशों पर की गई।
